बाराबंकी,
ब्यूरो–अकरम उस्मान, बाराबंकी
स्लग–हज़रत सैयद आकिल शाह बाबा का सालाना उर्स : AIMIM नेता विकास श्रीवास्तव ने फीता काट कर कहा उद्घाटन
स्लग–नन्हे सितारों ने बिखेरा इल्म का उजाला, ठिठुरती ठंड में भी गूंजा हुनर का जलवा
स्लग–हज़रत आक़िल शाह मजार महोत्सव में नन्हे कलाकारों का कमाल, हर प्रस्तुति पर गूंजा “शाबाश बच्चों”
जिला बाराबंकी के अन्तर्गत त्रिलोकपुर में हज़रत आक़िल शाह मजार पर आयोजित होने वाले वार्षिक 55वें महोत्सव के अवसर पर मदरसा हाफ़िज़ुल उलूम त्रिलोकपुर द्वारा प्रस्तुत “नन्हे सितारों का टैलेंट शो” ने हर किसी को मंत्रमुग्ध कर दिया | जैसे ही मंच सजा, वैसे ही नन्हे कलाकारों ने अपने हुनर से ऐसा समा बांधा कि दर्शक हतप्रभ रह गए और हर प्रस्तुति पर तालियों की गूंज के साथ एक ही आवाज़ उठी—“शाबाश बच्चों!” भीषण ठंड की परवाह किए बिना बच्चों ने मंच पर अपने हुनर का जलवा बिखेरा, तो दूसरी ओर हज़ारों की भीड़ भी टस से मस नहीं हुई | इल्म अमल अदब का यह संगम लोगों के दिलों में उतरता चला गया | कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा इस्लामिक व जनरल नॉलेज क्विज़, जिसमें दर्जनों बच्चों ने सटीक उत्तर देकर ₹21,000 की नगद इनामी बौछार लूटी | 21 दिसम्बर की शाम ठीक 7 बजे शुरू हुए इस आयोजन में हर पल रोमांच से भरा रहा | इस सम्मान समारोह में दो बच्चों के हाफ़िज़ बनने और 23 बच्चों के क़ुरआन मुकम्मल करने पर उन्हें क़ुरआन-ए-पाक भेंट कर फूल-मालाओं से बिलौली से आये मौलाना अशफाक साहब हाफिज अहमद हुसैन साहब रियाज अहमद ने सम्मानित किया गया | यह पल भावनाओं से भर देने वाला रहा | नात, हम्द, तक़रीर, क़ुरआन व हदीस, इस्लामिक क्विज़, जनरल नॉलेज, ड्रामा, कॉमेडी और एक्शन—हर प्रस्तुति ने संदेश भी दिया और मनोरंजन भी | दहेज लोभी, बेहूदी रस्में, सास-बहू का झगड़ा, रिश्ते तोड़वाने वालों का अंजाम, कड़वी मगर सच्ची बातें, नसीहतें, रोचक जानकारियाँ, हंसी के खज़ाने, हैरत अंगेज़ जादू, हर रंग मंच पर जीवंत हो उठा | कुल मिलाकर, नन्हे सितारों का टैलेंट शो सिर्फ़ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज को दिशा देने वाला संदेश बनकर उभरा | यह आयोजन साबित कर गया कि अगर मंच मिले तो बच्चे इतिहास रच सकते हैं, और उन्होंने रच भी दिया |
रिपोर्ट–मोहम्मद इबरान, बाराबंकी