स्वच्छ भारत मिशन की उड़ी धज्जियां: फखरपुर-वजीरगंज बाजार में सामुदायिक शौचालय बना बीमारी का अड्डा

स्वच्छ भारत मिशन की उड़ी धज्जियां: फखरपुर-वजीरगंज बाजार में सामुदायिक शौचालय बना बीमारी का अड्डा

 

अधिकारियों की अनदेखी से संक्रमण का बढ़ा खतरा, बदबू के बीच सज रहीं खाने-पीने की दुकानें

 

बहराइच जनपद के फखरपुर विकास खंड अंतर्गत सराय जगना (वजीरगंज बाजार) में प्रशासनिक लापरवाही और ‘स्वच्छ भारत मिशन’ की नाकामी का बड़ा मामला सामने आया है। क्षेत्र के इस प्रमुख और भीड़भाड़ वाले बाजार के बीचों-बीच स्थित सामुदायिक शौचालय अब लोगों की सुविधा के बजाय उनके लिए एक बड़ी मुसीबत बन गया है। लंबे समय से साफ-सफाई न होने के कारण यह शौचालय भयंकर गंदगी और बीमारियों का केंद्र बन चुका है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी मौन साधे हुए हैं।

 

खाद्य पदार्थों तक पहुंच रही सड़ांध

बाजार में प्रतिदिन सैकड़ों ग्रामीणों और ग्राहकों की आवाजाही रहती है। चिंताजनक स्थिति यह है कि इस बदबूदार शौचालय के ठीक सामने और इर्द-गिर्द होटल, मिठाई, चाट-पकौड़ी, गोलगप्पे, आइसक्रीम और फल-फ्रूट की दर्जनों दुकानें संचालित होती हैं। शौचालय से उठने वाली असहनीय दुर्गंध सीधे इन खुले खाद्य पदार्थों तक पहुंच रही है, जिससे लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। बाजार आने वाले ग्राहकों का कहना है कि बदबू के कारण यहां दो मिनट खड़ा होना भी दूभर हो गया है।

 

शिकायतों के बाद भी प्रशासन बेपरवाह

स्थानीय दुकानदारों और ग्रामीणों में इस बदहाली को लेकर भारी आक्रोश है। लोगों का स्पष्ट आरोप है कि इस गंभीर समस्या की शिकायत कई बार संबंधित अधिकारियों—खंड विकास अधिकारी, पंचायत सचिव (एडीओ पंचायत) और ग्राम पंचायत अधिकारी—से की जा चुकी है। बावजूद इसके आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों का कहना है कि साफ-सफाई के नाम पर सिर्फ कागजी खानापूर्ति का खेल चल रहा है, जबकि जमीनी हकीकत बेहद खौफनाक है।

 

महामारी फैलने की चेतावनी

स्थानीय लोगों ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान कर शौचालय की नियमित सफाई शुरू नहीं कराई गई, तो क्षेत्र में कोई बड़ा स्वास्थ्य संकट या महामारी फैल सकती है। इस पूरी स्थिति ने सरकार के ‘स्वच्छ भारत मिशन’ के दावों पर कड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना यह है कि क्या आला अधिकारी इस गंभीर समस्या का संज्ञान लेंगे या फिर जनता को यूं ही गंदगी और बीमारियों के बीच जीने को मजबूर रहना पड़ेगा।

Related posts

Leave a Comment