संत रविदास जयंती की कलश यात्रा में दिखी आस्था, लेकिन भीड़ ने उठाए सियासी सवाल!
(हैरिंग्टनगंज अयोध्या)
संत रविदास की 650वीं जयंती के उपलक्ष्य में भारतीय जनता पार्टी के समरसता संकल्प अभियान के तहत मिल्कीपुर विधायक चंद्रभानु पासवान के नेतृत्व में भव्य कलश वंदन यात्रा निकाली गई।
अछोरा स्थित काली माता मंदिर से शुरू हुई यात्रा धर्मगंज, सिंधौरा होते हुए हैरिंग्टनगंज स्थित भगवान शंकर मंदिर पहुंची।
जहां पर माल्यार्पण और कलश अर्पित करने के बाद यात्रा सिद्धपीठ चिरंगीवीर बाबा के दरबार पहुंची, जहां पूजा-अर्चना और परिक्रमा की गई।
इसके बाद रेवतीगंज बाजार होते हुए यात्रा आस्तिक बाबा मंदिर पहुंची, जहां विधिवत पूजा अर्चना कर समापन किया गया।
यात्रा के दौरान कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने विधायक और कार्यकर्ताओं का स्वागत किया, सुरक्षा व्यवस्था के लिए हैरिंग्टनगंज चौकी के पुलिस भी तैनात रहे।
विधायक चंद्रभानु पासवान ने कहा कि संत रविदास ने समाज को समरसता, प्रेम, भाईचारे और समानता का संदेश दिया उनके विचार आज भी समाज को एकजुट करने की प्रेरणा देते हैं, उनके बताए मार्ग पर चलकर सामाजिक एकता और मजबूत समाज का निर्माण किया जा सकता है।
हालांकि, इस धार्मिक-सामाजिक आयोजन के बीच जनभागीदारी को लेकर उठे बड़े सवाल, ने सियासी चर्चा को हवा दे दी।
कार्यक्रम में अपेक्षित भीड़ नजर नहीं आने को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं।
सवाल यह भी उठ रहा है कि जिस विधायक को विधानसभा चुनाव में जीत दिलाने के लिए प्रदेश नेतृत्व ने पूरी ताकत झोंकी थी और मुख्यमंत्री समेत दर्जनों बड़े नेताओं ने चुनाव प्रचार किया था, क्या अब वही उत्साह जनता के बीच दिखाई नहीं दे रहा है?
बहरहाल, कलश यात्रा ने संत रविदास के समरसता और भाईचारे के संदेश को जरूर सामने रखा, लेकिन कार्यक्रम में अपेक्षित जनसैलाब का न जुटना भाजपा संगठन और स्थानीय जनप्रतिनिधित्व के लिए आत्ममंथन का संकेत माना जा रहा है।
कार्यक्रम में ग्राम प्रधान अभिषेक भद्र सिंह (भोला), देवेंद्र मणि त्रिपाठी (सल्ले भैया), अजय सिंह, रामरूप मिश्रा, सुनील कुमार, सुरेश कुमार, भाजपा मंडल अध्यक्ष विजय कुमार चौरसिया, विकास चौरसिया, मोहित मिश्रा, नन्कू पांडेय, अंकित श्रीवास्तव और डॉ. जेपी मौर्या सहित भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
ब्यूरो रिपोर्ट